चित्रांगदा सिंह ने शबाना आजमी से मिली एक्टिंग की अनमोल सलाह का किया खुलासा
चित्रांगदा सिंह की यादें: शबाना आजमी से मिली प्रेरणा
मुंबई, 3 अप्रैल। अभिनेत्री चित्रांगदा सिंह ने हाल ही में शबाना आजमी से जुड़ी एक खास घटना साझा की, जो उनके लिए बेहद महत्वपूर्ण है। उन्होंने एक मीडिया चैनल से बातचीत में बताया कि कैसे शबाना जी ने उन्हें अभिनय के बारे में एक महत्वपूर्ण सलाह दी थी।
चित्रांगदा ने बताया कि यह सलाह उन्हें तब मिली जब वह अपनी पहली फिल्म 'हजारों ख्वाहिशें ऐसी' के सेट पर थीं।
अपनी पहली फिल्म के अनुभव को याद करते हुए उन्होंने कहा, "मैंने कभी अभिनय की औपचारिक शिक्षा नहीं ली है और न ही थिएटर किया है। यह मेरे लिए एक अद्भुत संयोग था कि मैं इस क्षेत्र में आई।"
उन्होंने आगे बताया, "मैं दिल्ली में मॉडलिंग कर रही थी, और निर्देशक सुधीर मिश्रा 'गीता राव' नाम की भूमिका के लिए एक अभिनेत्री की तलाश कर रहे थे। उन्हें कोई उपयुक्त नहीं मिली, और स्वानंद किरकिरे, जो उस समय सुधीर के सहायक थे, ने मेरा ऑडिशन लिया। मैं उनके प्रति आभारी हूं कि उन्होंने मुझे इस अवसर के लिए तैयार किया।"
चित्रांगदा ने कहा कि शूटिंग के दौरान, वह बहुत खोई हुई महसूस करती थीं, खासकर जब उनके सह-कलाकार केके मेनन जैसे लोग भावनाओं और किरदारों पर चर्चा करते थे। बिना अभिनय की पृष्ठभूमि के होने के कारण, वह सेट पर असहज महसूस करती थीं।
उन्होंने एक दिन सुधीर से कहा, 'मुझे नहीं पता कि क्या करना है', तो उन्होंने जवाब दिया, 'यह सबसे अच्छा है क्योंकि तुम्हें केवल रिएक्ट करना है, एक्ट नहीं करना है।' यह सलाह उनके लिए बहुत महत्वपूर्ण साबित हुई।
चित्रांगदा ने बताया कि जब उन्हें शबाना आजमी के साथ एक फिल्म में काम करने का मौका मिला, तो उन्होंने इस विषय पर चर्चा की। शबाना जी ने कहा कि अभिनय की पढ़ाई करने में समस्या यह है कि पहले आप सीखते हैं और फिर आपको भूलना पड़ता है। इसलिए, यदि आप बिना सीखे हैं, तो आपको भूलने की जरूरत नहीं है। यह एक लंबी प्रक्रिया है। हर अभिनेता का अपना तरीका होता है।
--मीडिया चैनल