केरल हाई कोर्ट ने 'एम्पुरान' फिल्म की स्क्रीनिंग पर रोक लगाने से किया इनकार, जानें क्यों?
कोच्चि में 'एम्पुरान' फिल्म की स्क्रीनिंग पर हाई कोर्ट का फैसला
कोच्चि, 1 अप्रैल। केरल उच्च न्यायालय ने मंगलवार को विवादास्पद फिल्म 'एम्पुरान' की स्क्रीनिंग पर रोक लगाने की याचिका को खारिज कर दिया।
कोर्ट ने याचिकाकर्ता से सवाल किया, "क्या आपने 'एम्पुरान' देखी है? आपकी आपत्ति क्या है? इसे सेंसर बोर्ड ने प्रमाणित किया है, है ना? मुझे आपकी ईमानदारी पर संदेह है। इस फिल्म के कारण हिंसा भड़काने की कोई शिकायत मुझे नहीं दिखती। यह सब पब्लिसिटी के लिए किया गया है।"
न्यायालय ने राज्य के वकील की उस दलील पर भी गौर किया कि केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड (सीबीएफसी) ने पहले ही फिल्म को प्रदर्शन के लिए मंजूरी दे दी है।
कोर्ट के आदेश में कहा गया, राज्य अटॉर्नी ने सेबिन थॉमस बनाम भारत संघ एवं अन्य के निर्णय का उल्लेख करते हुए कहा कि जब अधिकारियों द्वारा प्रमाणन जारी कर दिया जाता है, तो यह माना जा सकता है कि फिल्म सही है। उन्होंने यह भी बताया कि अब तक राज्य पुलिस द्वारा कोई अपराध दर्ज नहीं किया गया है। इन तथ्यों को ध्यान में रखते हुए, याचिकाकर्ता की अंतरिम राहत की प्रार्थना को अस्वीकार किया गया है। मामले की सुनवाई केरल उच्च न्यायालय की छुट्टी के बाद होगी।
याचिका में कहा गया है कि फिल्म में ऐसे दृश्य हैं जो 2002 के गोधरा दंगों का संदर्भ देते हैं और रक्षा मंत्रालय के बारे में अनुचित टिप्पणियाँ करते हैं, साथ ही केंद्रीय जांच एजेंसियों को इस तरह से चित्रित करते हैं कि उनकी विश्वसनीयता पर सवाल उठता है।
इस बीच, फिल्म के सह-निर्माता एंटनी पेरुंबवूर ने बताया कि पूरी फिल्म टीम ने 24 कट के साथ फिल्म को फिर से संपादित करने का निर्णय लिया है और संशोधित संस्करण बुधवार से प्रदर्शित किया जाएगा।