Movie prime

सुनैना रोशन की क्रैश डाइटिंग ने बदली जिंदगी, जानें क्या हुआ अस्पताल में!

सुनैना रोशन ने हाल ही में इंस्टाग्राम पर एक वीडियो साझा किया, जिसमें उन्होंने बताया कि कैसे क्रैश डाइटिंग के कारण उन्हें गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं का सामना करना पड़ा। अस्पताल में भर्ती होने के बाद, उन्होंने अपनी स्थिति के बारे में खुलासा किया और बताया कि इस प्रक्रिया ने उनके जीवन को कैसे प्रभावित किया। सुनैना ने अपने अनुभव से यह सीख दी कि किसी भी लक्ष्य के लिए अपनी सेहत को खतरे में नहीं डालना चाहिए। जानें उनकी पूरी कहानी और इससे क्या सीख मिलती है।
 
सुनैना रोशन की क्रैश डाइटिंग ने बदली जिंदगी, जानें क्या हुआ अस्पताल में!

सुनैना रोशन की स्वास्थ्य संबंधी चिंताएं


मुंबई, 10 जून। आजकल लोग फिटनेस के प्रति इतनी उत्सुकता दिखा रहे हैं कि वे अपनी सेहत को नजरअंदाज करने लगे हैं। इस दौड़ में कई लोग क्रैश डाइटिंग का सहारा ले रहे हैं, जिससे उनकी सेहत पर नकारात्मक प्रभाव पड़ रहा है। ऐसा ही अनुभव किया है अभिनेता ऋतिक रोशन की बहन सुनैना रोशन ने, जिन्होंने इस प्रक्रिया के चलते गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं का सामना किया। उन्हें अस्पताल में भर्ती होना पड़ा।


सुनैना ने हाल ही में इंस्टाग्राम पर एक वीडियो साझा किया, जिसमें उन्होंने बताया कि वजन घटाने की जल्दी में उन्होंने क्रैश डाइटिंग की, जिसके कारण उन्हें अस्पताल में भर्ती होना पड़ा।


वीडियो में सुनैना कहती हैं, "मैंने पहले एक वीडियो में बताया था कि क्रैश डाइटिंग के कारण मुझे अस्पताल जाना पड़ा। इसके बाद जो हुआ, वह मेरी जिंदगी को पूरी तरह से बदल सकता था।"


उन्होंने आगे बताया कि वे लगभग दो से तीन दिनों तक अस्पताल में बेहोश रहीं। डॉक्टरों ने उनके परिवार को चेतावनी दी थी कि इस स्थिति में लकवा, दृष्टिहीनता या कोमा जैसी गंभीर समस्याएं हो सकती हैं। सुनैना ने कहा, "किसी को नहीं पता था कि आगे क्या होने वाला है। मेरे भाई ने मंदिर में रातभर मेरी सेहत के लिए प्रार्थना की। डॉक्टर ने कहा कि ठीक होने का पहला संकेत तब होगा जब मैं खाने के लिए कुछ मांगूंगी।"


कुछ दिनों बाद ऐसा ही हुआ। सुनैना ने लिखा, "उस एक पल ने मेरे परिवार के लिए सब कुछ बदल दिया। ट्यूबरकुलोसिस मेनिनजाइटिस का पता चलने के बाद मैं एक महीने तक अस्पताल में रही। फिर बीमारी के दोबारा होने से बचने के लिए मुझे चार महीने और घर पर रहना पड़ा। मेरी इम्यूनिटी बहुत कम हो गई थी, जिसके लिए मुझे भारी दवाइयां लेनी पड़ीं। और इसका कारण? क्रैश डाइटिंग। तब मुझे एहसास हुआ कि किसी भी लक्ष्य के लिए अपनी जान को खतरे में नहीं डालना चाहिए। हमेशा सही पोषण का चयन करें।"


उन्होंने अपनी बात समाप्त करते हुए कहा, "अगर यह कहानी आपको सोचने पर मजबूर करती है, तो इसे किसी ऐसे व्यक्ति के साथ साझा करें जिसे इसकी आवश्यकता है।"


OTT