यामी गौतम: IAS बनने का सपना छोड़कर बनीं बॉलीवुड की चमकती सितारा!
यामी गौतम का प्रेरणादायक सफर
मुंबई, 27 नवंबर। यामी गौतम आज एक प्रमुख फिल्म अभिनेत्री हैं, जिनकी अदाकारी ने लाखों दर्शकों का दिल जीत लिया है। लेकिन बहुत से लोग नहीं जानते कि उन्होंने कभी अभिनय को अपने करियर का विकल्प नहीं माना था। हिमाचल प्रदेश के एक छोटे से शहर से निकलकर, यामी ने एक समय आईएएस बनने का सपना देखा था।
यामी का जन्म 28 नवंबर 1988 को हिमाचल प्रदेश के बिलासपुर में हुआ। कुछ समय बाद उनका परिवार चंडीगढ़ चला गया, जहां उन्होंने अपनी स्कूली शिक्षा पूरी की। उनके पिता, मुकेश गौतम, एक पंजाबी फिल्म निर्देशक थे, जिससे उनके घर में कला और फिल्मों के प्रति स्वाभाविक रुचि थी। उनकी मां, अंजली गौतम, ने हमेशा पढ़ाई और करियर के प्रति प्रोत्साहित किया। यामी हमेशा से पढ़ाई में अव्वल रहीं और उनका सपना बड़ा अफसर बनने का था।
स्कूल के बाद, यामी ने लॉ में दाखिला लिया और आईएएस बनने का सपना देखा। लेकिन 20 साल की उम्र में, दोस्तों के कहने पर उन्होंने अपने करियर की दिशा बदलने का फैसला किया और अभिनय की दुनिया में कदम रखा।
यामी ने 2008 में टीवी शो 'चांद के पार चलो' से अपने करियर की शुरुआत की। इसके बाद, 'ये प्यार ना होगा कम' जैसे शो में भी नजर आईं, जिससे उन्हें दर्शकों के बीच पहचान मिली। साउथ इंडस्ट्री में भी उन्होंने काम किया, उनकी पहली कन्नड़ फिल्म 'उल्लास उत्साह' थी।
2012 में, यामी ने बॉलीवुड में 'विक्की डोनर' से कदम रखा, जिसमें उन्होंने आयुष्मान खुराना की पत्नी का किरदार निभाया। यह फिल्म सफल रही और यामी को पहचान दिलाई। इसके बाद उन्होंने 'बदलापुर', 'काबिल', 'उरी: द सर्जिकल स्ट्राइक', 'बाला', 'ओएमजी 2', और 'आर्टिकल 370' जैसी कई हिट फिल्मों में काम किया।
यामी ने अपने करियर में कई पुरस्कार भी जीते हैं, जिसमें जी सिने अवॉर्ड शामिल है। उन्होंने विज्ञापनों और ब्रांड एंडोर्समेंट में भी अपनी पहचान बनाई है।
यामी ने 4 जून 2021 को फिल्म निर्देशक आदित्य धर से विवाह किया और मई 2024 में उनके पहले बेटे का स्वागत किया, जिसका नाम वेदाविद धर रखा गया।
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