Movie prime

कादर खान का दर्द: दोस्त अमिताभ को 'सर' न कहने की वजह से मिली फिल्म से निकासी!

कादर खान, हिंदी सिनेमा के एक प्रतिष्ठित अभिनेता, ने अपने करीबी दोस्त अमिताभ बच्चन को 'सर' न कहने के कारण फिल्म 'खुदा गवाह' से निकाले जाने का दर्द साझा किया। इस लेख में जानें कि कैसे उनकी दोस्ती और फिल्म इंडस्ट्री में उनके अनुभव ने उन्हें इस स्थिति में लाया। कादर खान की यादें और उनके संवाद आज भी लोगों के दिलों में बसे हुए हैं।
 
कादर खान का दर्द: दोस्त अमिताभ को 'सर' न कहने की वजह से मिली फिल्म से निकासी!

कादर खान की यादें और अमिताभ बच्चन के साथ संबंध


नई दिल्ली, 29 नवंबर। हिंदी सिनेमा के दिग्गज अभिनेता कादर खान को आज भी उनके अद्भुत अभिनय के लिए याद किया जाता है। भले ही वे अब हमारे बीच नहीं हैं, लेकिन उनकी कॉमेडी और गंभीर भूमिकाएं आज भी दर्शकों के दिलों में जीवित हैं।


कादर खान के कई प्रसिद्ध संवाद, जैसे "हमें तो लगता है कि भगवान ने खाली हाथ पैदा कर दिया, तकदीर लिखना ही भूल गया," आज भी लोगों की जुबान पर हैं। हालांकि, एक समय ऐसा आया जब उन्हें फिल्मों में काम करने में कठिनाई का सामना करना पड़ा।


कादर खान एक बहुआयामी प्रतिभा के धनी थे, जो हर भूमिका में खुद को ढाल लेते थे। लेकिन, अपने करीबी दोस्त अमिताभ बच्चन को 'सर' न कहने के कारण उन्हें कई फिल्मों से बाहर होना पड़ा। एक इंटरव्यू में उन्होंने इस बारे में खुलकर बात की थी।


उन्होंने बताया कि सेट पर सभी लोग अमिताभ को 'सर' कहते थे, जबकि वह उन्हें सिर्फ 'अमित' कहकर बुलाते थे। एक बार एक दक्षिण भारतीय निर्माता ने उनसे कहा कि वह 'सर' से मिले हैं, तब उन्हें समझ आया कि किसे 'सर' कहा जा रहा है।


कादर खान ने कहा कि उनके लिए अमिताभ सिर्फ एक दोस्त हैं, और इसलिए वह उन्हें 'सर' नहीं कह सकते थे। यही कारण बना कि उन्हें 'खुदा गवाह' फिल्म से बाहर कर दिया गया।


गौरतलब है कि 'खुदा गवाह' 1992 में रिलीज हुई थी और यह उस साल की तीसरी सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्म थी। फिल्म का बजट 5.7 करोड़ रुपये था और इसने 17.9 करोड़ रुपये का शानदार कलेक्शन किया। फिल्म में अमिताभ बच्चन के साथ श्रीदेवी को कास्ट किया गया था।


OTT