अपूर्व अग्निहोत्री का सफर: पायलट बनने का सपना छोड़कर बने टीवी के सितारे!
अपूर्व अग्निहोत्री का जन्मदिन और करियर
मुंबई, 1 दिसंबर। 1997 में रिलीज हुई फिल्म 'परदेस' उस साल की सफलतम फिल्मों में से एक मानी जाती है। इस फिल्म ने न केवल दर्शकों का दिल जीता, बल्कि इसमें एक नया चेहरा भी नजर आया, जो थे अपूर्व अग्निहोत्री।
अपनी युवा छवि और टॉक्सिक किरदार के चलते अपूर्व ने बेस्ट सपोर्टिंग एक्टर का पुरस्कार जीता। 2 दिसंबर को वे अपना 53वां जन्मदिन मनाने जा रहे हैं।
कानपुर में जन्मे अपूर्व को भले ही शाहरुख खान के साथ पहली फिल्म करने का मौका मिला, लेकिन इसके बाद उनकी अन्य फिल्में बॉक्स ऑफिस पर सफल नहीं हो पाईं। उन्होंने 1999 में 'प्यार कोई खेल नहीं', 2000 में 'क्रोध', और 2002 में 'प्यार दीवाना होता है' जैसी फिल्मों में काम किया, जो सभी फ्लॉप रहीं।
हालांकि, अपूर्व का नाम छोटे पर्दे पर काफी मशहूर है।
उन्होंने 2003 में 'जस्सी जैसी कोई नहीं' से अपने करियर की शुरुआत की और अरमान सूरी के किरदार से दर्शकों का दिल जीत लिया। उनकी बेहतरीन अदाकारी के लिए उन्हें इंडियन टेली अवार्ड्स में सर्वश्रेष्ठ अभिनेता का पुरस्कार मिला। इसके बाद उन्होंने 'काजल जी', 'अजीब दास्तां है ये', और 'कहने को हमसफर हैं' जैसे कई धारावाहिकों में काम किया। वर्तमान में, वे 'सहर होने को है' में नजर आएंगे, जो 2 दिसंबर से प्रसारित होगा।
कम ही लोग जानते हैं कि अपूर्व का सपना कभी भी एक्टर बनने का नहीं था। वे बचपन से पायलट बनना चाहते थे और इसके लिए ट्रेनिंग भी ली थी, लेकिन पिता की अचानक मृत्यु ने उनके सपनों को तोड़ दिया। उन्होंने बताया कि उस समय एविएशन की फीस बहुत अधिक थी और नौकरी मिलने की कोई गारंटी नहीं थी।
उनकी व्यक्तिगत जिंदगी की बात करें तो, अपूर्व ने 8 जून 2004 को शिल्पा सकलानी से विवाह किया। शिल्पा भी उस समय टीवी की जानी-मानी हस्ती थीं और आज भी सक्रिय हैं। इस जोड़े ने शादी के 18 साल बाद एक बेटी का स्वागत किया है, जो उनके लिए संघर्ष और धैर्य का प्रतीक है।
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