क्या है 'मटका किंग' सीरीज की खासियत? जानें कृतिका कामरा के अनुभव
ओटीटी पर पुरानी कहानियों का जादू
मुंबई, 16 अप्रैल। ओटीटी प्लेटफॉर्म पर इन दिनों विभिन्न युगों की कहानियों को पेश करने का चलन तेजी से बढ़ रहा है। खासकर उन कहानियों को, जो अतीत की जिंदगी और माहौल को उजागर करती हैं। इस संदर्भ में 'मटका किंग' सीरीज काफी चर्चा में है, जो 1960 और 70 के दशक की मुंबई की कहानी को दर्शाती है। इस शो के बारे में एक्ट्रेस कृतिका कामरा ने अपने अनुभव साझा किए।
कृतिका कामरा का किरदार 'गुलरुख'
कृतिका कामरा इस शो में 'गुलरुख' नाम की पारसी महिला का किरदार निभा रही हैं। उन्होंने बताया कि इस प्रोजेक्ट में काम करना उनके लिए एक अलग युग का अनुभव करने जैसा था।
कामरा ने कहा, ''जब कोई कलाकार किसी ऐसे प्रोजेक्ट का हिस्सा बनता है जो अतीत पर आधारित होता है, तो सेट पर कदम रखते ही वह उस युग में खो जाता है। जैसे ही मैं सेट पर जाती थी और उस समय के कपड़े पहनती थी, तो ऐसा लगता था कि मैं सच में 60-70 के दशक की दुनिया में पहुंच गई हूं। उस समय की भाषा, रहन-सहन और लोगों का व्यवहार आज से बिल्कुल भिन्न था, जिसे समझना और अपनाना मेरे लिए एक नया अनुभव रहा।''
पुरानी जिंदगी का अनुभव
उन्होंने आगे कहा, ''उस समय की जिंदगी आज की तुलना में काफी धीमी थी, क्योंकि तकनीक इतनी विकसित नहीं थी। हर काम में समय लगता था और लोगों में धैर्य अधिक था। शो में इन सभी पहलुओं को बारीकी से दिखाने की कोशिश की गई है, जिससे दर्शकों को उस समय का असली अनुभव मिल सके।''
कृतिका ने एक दिलचस्प बात साझा की कि शो में एक समय ऐसा आता है जब मटका के नंबर फोन के जरिए आने लगते हैं। लेकिन उस समय के फोन आज के जैसे नहीं थे। उस समय कॉल जोड़ने के लिए ऑपरेटर होते थे, जो मैन्युअली लाइनों को कनेक्ट करते थे।
नई पीढ़ी के लिए एक सीख
उन्होंने कहा, ''आज की नई पीढ़ी शायद इन चीजों से पूरी तरह अनजान है, क्योंकि अब तकनीक काफी आगे बढ़ चुकी है।''
कृतिका ने कहा, ''उस दौर की कई बातें मेरे लिए काफी रोचक थीं। भले ही समय बदल गया हो, लेकिन लोगों की भावनाएं और उम्मीदें आज भी वैसी ही हैं। इंसान हमेशा उम्मीद से जुड़ा रहता है, और यही भावना इस शो में भी देखने को मिलती है। इसी वजह से मैं अपने किरदार और कहानी से आसानी से जुड़ पाईं।''
शो की कहानी
'मटका किंग' की कहानी एक ऐसे व्यक्ति के इर्द-गिर्द घूमती है जो जुए की दुनिया में तेजी से आगे बढ़ता है और उस समय की मुंबई में अपनी पहचान बनाता है। इस कहानी में उस युग की कपड़ा मिलों का भी महत्वपूर्ण योगदान दिखाया गया है, जो उस समय शहर की अर्थव्यवस्था का एक बड़ा हिस्सा थीं।
यह शो प्राइम वीडियो पर 17 अप्रैल को रिलीज होने जा रहा है।