शाहरुख खान ने रेड चिलीज वीएफएक्स के 20 साल पूरे होने पर जताई गर्व की भावना!
शाहरुख खान का सिनेमा में योगदान
मुंबई, 1 अप्रैल। शाहरुख खान, जो हिंदी सिनेमा के एक प्रमुख अभिनेता हैं, ने कई वर्षों से इस क्षेत्र में अपनी छाप छोड़ी है और आज के दर्शकों के लिए नई कहानियाँ प्रस्तुत करने की इच्छा रखते हैं।
इस दिशा में कदम बढ़ाते हुए, उन्होंने 2002 में 'मैं हूं ना' फिल्म के साथ रेड चिलीज एंटरटेनमेंट की स्थापना की। आज, इस कंपनी की शाखा रेड चिलीज वीएफएक्स ने 20 साल पूरे कर लिए हैं, और शाहरुख ने अपनी टीम की मेहनत की सराहना की है।
रेड चिलीज वीएफएक्स के इस खास मौके पर, शाहरुख खान ने एक पोस्ट साझा किया जिसमें उन्होंने सभी सहयोगियों का धन्यवाद किया जो उनके सपने को साकार करने में मददगार रहे।
उन्होंने लिखा, "बीस साल पहले हमने एक सपना देखा था। मैंने, हैरी हिंगोरानी और केतन यादव की टीम ने भारतीय सिनेमा में जादू लाने का निर्णय लिया। आज भी, वे निरंतर प्रयास कर रहे हैं ताकि चीजों को और बेहतर बनाया जा सके और रचनाकारों को उनके सपनों को साकार करने में मदद मिल सके। रेड चिलीज वीएफएक्स की पूरी टीम को धन्यवाद। मुझे आप पर गर्व है।"
रेड चिलीज वीएफएक्स ने कई प्रमुख फिल्मों में विजुअल इफेक्ट्स का काम किया है, जैसे 'रा-वन', 'फैन', 'जीरो', 'शेरशाह', 'भूल भुलैया 2', 'अटैक', 'लाल सिंह चड्ढा', और 'जवान'। इसके अलावा, शाहरुख की कंपनी ने सलमान खान की 'राधे' और 'सिकंदर' जैसी फिल्मों के लिए भी वीएफएक्स तैयार किए हैं।
500 सदस्यों की टीम के साथ, शाहरुख खान की कंपनी सिनेमा को नई ऊँचाइयों पर ले जाने में योगदान दे रही है।
रेड चिलीज एंटरटेनमेंट के बैनर तले शाहरुख खान ने कई सफल फिल्मों का निर्माण किया है, जिनमें 'मैं हूं ना', 'ओम शांति ओम', 'चेन्नई एक्सप्रेस', 'हैप्पी न्यू ईयर', 'दिलवाले', 'रईस', 'डियर जिंदगी', 'जवान', और 'डंकी' शामिल हैं। इस कंपनी की स्थापना 2002 में गौरी खान और शाहरुख खान ने मिलकर की थी।