आरएसएस के 100 साल: 'शतक' फिल्म से पर्दे पर दिखेगा संगठन का सफर
आरएसएस की शताब्दी पर फीचर फिल्म 'शतक' की घोषणा
मुंबई, 10 जनवरी। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) ने अपने 100 वर्षों के सफर को मनाने के लिए एक फीचर फिल्म 'शतक' की आधिकारिक घोषणा की है। यह फिल्म आरएसएस की स्थापना से लेकर उसके विकास और योगदान की कहानी को दर्शाएगी।
फिल्म का निर्देशन आशीष मल्ल कर रहे हैं, जबकि वीर कपूर इसके प्रोड्यूसर हैं और आशीष तिवारी को-प्रोड्यूसर के रूप में जुड़े हैं। 'शतक' अदा 360 डिग्री एलएलपी द्वारा प्रस्तुत की जा रही है। मेकर्स ने बताया कि यह फिल्म इस वर्ष सिनेमाघरों में प्रदर्शित होगी। फिल्म आरएसएस की विचारधारा, सामाजिक कार्यों और राष्ट्रीय योगदान को केंद्र में रखकर बनाई गई है, जिससे यह नई पीढ़ी के लिए प्रेरणादायक बनेगी।
'शतक' में आरएसएस के 100 वर्षों की महत्वपूर्ण घटनाओं, संघर्षों और उपलब्धियों को दर्शाया जाएगा। मेकर्स का मानना है कि यह फिल्म न केवल आरएसएस के सदस्यों के लिए, बल्कि आम दर्शकों के लिए भी प्रेरणा का स्रोत बनेगी।
फिल्म समीक्षक तरण आदर्श ने अपने इंस्टाग्राम पर मोशन पोस्टर साझा करते हुए दर्शकों को इस फिल्म की जानकारी दी। उन्होंने कहा, "'शतक' की घोषणा हो गई है। यह फिल्म आरएसएस के 100 साल के सफर को पर्दे पर लाएगी। यह उनके इतिहास का एक महत्वपूर्ण पड़ाव है।"
आरएसएस, जो एक हिंदू राष्ट्रवादी संगठन है, की स्थापना 1925 में डॉ. केशवराव बलराम हेडगेवार ने नागपुर में की थी। इसका मुख्य उद्देश्य हिंदू समाज को संगठित करना, राष्ट्रवाद को बढ़ावा देना और सेवा कार्यों के माध्यम से समाज का उत्थान करना है। आरएसएस की शाखाएं पूरे भारत में सक्रिय हैं, जहां शारीरिक व्यायाम, अनुशासन और सांस्कृतिक शिक्षा दी जाती है। संगठन ने आपदा राहत, शिक्षा और स्वास्थ्य जैसे क्षेत्रों में महत्वपूर्ण योगदान दिया है।