जावेद अख्तर ने फर्जी संदेश को किया खारिज, CJP पर उठे सवाल
जावेद अख्तर ने सोशल मीडिया पर फैलाए जा रहे झूठे दावों का किया खंडन
प्रसिद्ध गीतकार और लेखक जावेद अख्तर ने हाल ही में सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे एक संदेश को फर्जी करार दिया है। इस संदेश में यह दावा किया गया था कि उन्होंने कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) और इसके संस्थापक अभिजीत दीपके की आलोचना की है। जावेद अख्तर ने प्लेटफॉर्म X पर एक पोस्ट के जरिए इस दावे को पूरी तरह से नकार दिया और कहा कि उनके नाम से फैलाया जा रहा यह संदेश असत्य है।
जावेद अख्तर ने उठाए सवाल
अपने पोस्ट में, जावेद अख्तर ने यह सवाल उठाया कि क्यों लोग अभिजीत दीपके और CJP का विरोध करते हुए उनके नाम का उपयोग कर रहे हैं। उन्होंने इस पर हैरानी जताई कि कैसे उनके नाम को किसी अन्य संदेश के साथ जोड़कर पेश किया जा रहा है।
जावेद अख्तर ने खुद किया दावे का खंडन
जावेद अख्तर ने स्पष्ट किया कि वह सभी को बताना चाहते हैं कि सोशल मीडिया पर उनके नाम से जो संदेश फैलाया जा रहा है, वह पूरी तरह से झूठा है। उन्होंने कहा कि उन्होंने CJP की आलोचना नहीं की है और न ही अभिजीत दीपके को नीचा दिखाने का कोई इरादा रखा है। उनके इस स्पष्टीकरण के बाद, वायरल संदेश की प्रामाणिकता पर सवाल उठने लगे हैं।
जावेद अख्तर ने उठाए गंभीर सवाल
जावेद अख्तर ने यह भी पूछा कि क्यों दीपके और CJP के विरोधियों को अपने पक्ष को मजबूत दिखाने के लिए उनके जैसे व्यक्ति के नाम का सहारा लेना पड़ रहा है। उन्होंने इस स्थिति को दुखद बताते हुए कहा कि क्या अब किसी व्यक्ति की बात को विश्वसनीय बनाने के लिए उसके नाम से झूठे संदेश तैयार करने की आवश्यकता है।
सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था मैसेज
वास्तव में, सोशल मीडिया पर एक संदेश तेजी से फैल रहा था, जिसमें जावेद अख्तर को जोड़कर CJP और अभिजीत दीपके के खिलाफ आलोचनात्मक बातें कही गई थीं। इस संदेश के वायरल होने के बाद, जावेद अख्तर ने खुद सामने आकर इसकी सच्चाई को स्पष्ट किया। उन्होंने कहा कि उन्होंने ऐसा कोई संदेश नहीं लिखा और न ही CJP या अभिजीत दीपके के खिलाफ जो टिप्पणी वायरल हो रही है, वह उनकी है।
जावेद अख्तर ने फर्जी संदेशों की विश्वसनीयता पर उठाए सवाल
जावेद अख्तर ने अपने स्पष्टीकरण के बाद सोशल मीडिया पर उनके नाम से प्रसारित होने वाले ऐसे संदेशों की विश्वसनीयता पर भी सवाल उठाया है। उनका कहना है कि किसी व्यक्ति के नाम और पहचान का उपयोग कर फर्जी संदेश फैलाना उचित नहीं है।