क्या आपको भी चक्कर आते हैं? जानें इसके पीछे की वजहें और समाधान
चक्कर आने की समस्या: जानें इसके कारण और समाधान
नई दिल्ली, 27 अप्रैल। चक्कर आना एक ऐसी समस्या है जिसे लगभग हर किसी ने कभी न कभी अनुभव किया होगा। कभी-कभी अचानक खड़े होने पर सिर हल्का महसूस होता है, या ऐसा लगता है जैसे शरीर का संतुलन बिगड़ रहा है। कई लोग इसे सामान्य मानकर नजरअंदाज कर देते हैं, लेकिन यह वास्तव में दो अलग-अलग चिकित्सा स्थितियों से जुड़ा हो सकता है: डिजीनेस और वर्टिगो। हालांकि ये दोनों एक जैसे लगते हैं, लेकिन इनके बीच महत्वपूर्ण अंतर है।
डॉक्टरों के अनुसार, डिजीनेस एक सामान्य शब्द है, जिसका अर्थ है हल्का चक्कर, कमजोरी या असंतुलन का अनुभव करना। इसमें जरूरी नहीं कि चीजें घूमती हुई दिखें। कभी-कभी व्यक्ति को ऐसा लगता है कि वह गिर सकता है या स्थिर रहना मुश्किल हो रहा है। यह समस्या कई छोटे कारणों से उत्पन्न हो सकती है।
सबसे सामान्य कारणों में शरीर में पानी की कमी, जिसे डिहाइड्रेशन कहा जाता है, शामिल है। जब शरीर में पानी की कमी होती है, तो रक्तचाप गिर सकता है और मस्तिष्क तक पर्याप्त रक्त नहीं पहुंचता, जिससे चक्कर आने लगता है। इसी तरह, यदि किसी व्यक्ति का रक्त शुगर अचानक कम हो जाए, तो उसे कमजोरी और चक्कर महसूस हो सकते हैं। यह विशेष रूप से उन लोगों में अधिक देखा जाता है जो लंबे समय तक भोजन नहीं करते या जिनका डायबिटीज है।
इसके अलावा, अचानक बैठने या लेटने के बाद खड़े होने पर रक्तचाप का गिरना, जिसे पोस्टुरल हाइपोटेंशन कहा जाता है, भी एक सामान्य कारण है। एनीमिया, यानी शरीर में खून की कमी होने पर भी मस्तिष्क को ऑक्सीजन कम मिलती है, जिससे चक्कर आने लगते हैं। मानसिक तनाव और चिंता भी इस समस्या को बढ़ा सकते हैं। कभी-कभी कुछ दवाओं के साइड इफेक्ट भी डिजीनेस का कारण बन सकते हैं।
अब वर्टिगो की बात करें, तो यह डिजीनेस से अलग स्थिति है। वर्टिगो में व्यक्ति को ऐसा अनुभव होता है जैसे वह या उसके आस-पास की चीजें घूम रही हों, जबकि वास्तव में सब कुछ स्थिर होता है। यह संतुलन प्रणाली में गड़बड़ी के कारण होता है।
वर्टिगो का सबसे सामान्य कारण कान के अंदर संतुलन प्रणाली में समस्या होती है, जिसे बीपीपीवी कहा जाता है। इसमें सिर की हल्की सी मूवमेंट से भी अचानक तेज चक्कर आ सकता है। कुछ मामलों में, कान का संक्रमण या आंतरिक कान की बीमारी भी इसके कारण बन सकती है।
डॉक्टरों का कहना है कि यदि समस्या हल्की है, तो कुछ सरल उपायों से राहत मिल सकती है। जैसे कि पर्याप्त पानी पीना, लंबे समय तक भूखे न रहना और अचानक तेजी से खड़े न होना। चक्कर आने पर तुरंत बैठ जाना या लेट जाना चाहिए ताकि गिरने से चोट न लगे।
हालांकि, यदि चक्कर के साथ तेज सिरदर्द, बोलने में कठिनाई, दृष्टि धुंधली होना या कमजोरी महसूस हो, तो यह गंभीर संकेत हो सकते हैं। ऐसे में डॉक्टर से संपर्क करना आवश्यक है।