सुभाष घई ने साझा किया संत कबीर का संदेश, तनाव में शांति पाने का किया आह्वान
संत कबीर की शिक्षाओं पर आधारित सुभाष घई का प्रेरणादायक पोस्ट
मुंबई, 31 जुलाई। प्रसिद्ध फिल्म निर्माता और निर्देशक सुभाष घई ने हाल ही में अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर संत कबीर की शिक्षाओं से प्रेरित एक नोट साझा किया। इस पोस्ट में उन्होंने जीवन को बेहतर तरीके से जीने और कठिन समय में शांति प्राप्त करने पर जोर दिया।
सुभाष घई ने इंस्टाग्राम पर संत कबीर की एक तस्वीर साझा की, जिसमें उन्होंने बताया कि आज के तनावपूर्ण समय में इस रहस्यवादी कवि की समझदारी कितनी प्रासंगिक है। उन्होंने लिखा, "सिर्फ संत कबीर के दोहे ही हमारे मन की शांति को बनाए रख सकते हैं। हमें आज भी संत कबीर को पढ़ने की आवश्यकता है, खासकर जब हम तनाव में होते हैं।"
उन्होंने आगे कहा, "भारतीय कवि और रहस्यवादी कबीर का जन्म बनारस के निकट हुआ था। वे मुस्लिम बुनकरों के परिवार में पले-बढ़े और हिंदू तपस्वी रामानंद के शिष्य बने। कबीर की कविताएं हिंदू धर्म और इस्लाम दोनों से प्रेरित हैं, लेकिन वे दोनों धर्मों के कुछ पहलुओं की आलोचना भी करते थे। उनका प्रसिद्ध दोहा 'कबीरा खड़ा बाजार में सबकी हिस्सेदारी ठीक है न काहू से दोस्ती न काहू से बैर' आज भी प्रासंगिक है।"
सुभाष घई के इस पोस्ट को सोशल मीडिया पर काफी सराहा जा रहा है, और उनके फॉलोअर्स विभिन्न प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं।
दिल्ली के निवासी सुभाष घई हिंदी सिनेमा के एक प्रमुख निर्देशक और निर्माता हैं। उन्होंने निर्देशन से पहले अभिनय में भी हाथ आजमाया था, और 'उमंग' तथा 'गुमराह' जैसी फिल्मों में नजर आए। हालांकि, अभिनय में सफलता न मिलने पर उन्होंने निर्देशन की ओर रुख किया। वे अपनी लगभग सभी फिल्मों में एक छोटे से रोल में दिखाई देते थे।
सुभाष घई की आखिरी निर्देशित फिल्म 'कांची: द अनब्रेकेबल' थी, जो 25 अप्रैल 2014 को रिलीज हुई थी। इसके अलावा, उन्होंने 'गांधी - ए पर्स्पेक्टिव' (2020) नामक एक शॉर्ट/डॉक्यूमेंट्री फिल्म भी बनाई। वर्तमान में, वह अपने अभिनय संस्थान पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं।