पीएम मोदी ने एमजीआर की जयंती पर दी श्रद्धांजलि, जानें उनके योगदान के बारे में
प्रधानमंत्री मोदी का भावुक श्रद्धांजलि
नई दिल्ली, 17 जनवरी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने तमिलनाडु के पूर्व मुख्यमंत्री और मशहूर अभिनेता एम.जी. रामचंद्रन (एमजीआर) की जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की है। उन्होंने उनके समाज के प्रति योगदान को भी याद किया।
मोदी ने एमजीआर के जीवन पर आधारित एक वीडियो साझा किया, जिसमें उनके तमिलनाडु की प्रगति में योगदान को दर्शाया गया।
एक्स पर साझा किए गए वीडियो में एमजीआर के राजनीतिक और फिल्मी करियर की झलक दिखाई गई। पीएम मोदी ने कैप्शन में लिखा, "एमजीआर की जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करता हूं। तमिलनाडु की प्रगति में उनका योगदान असाधारण है। तमिल संस्कृति को लोकप्रिय बनाने में उनकी भूमिका भी उतनी ही सराहनीय है। हम समाज के लिए उनके दृष्टिकोण को साकार करने के लिए निरंतर प्रयासरत रहेंगे।" इसके साथ ही उन्होंने एक पोस्ट तमिल भाषा में भी किया।
एम.जी. रामचंद्रन दक्षिण भारत के प्रमुख अभिनेताओं में से एक माने जाते थे। उनका फिल्मी करियर जितना शानदार था, उतना ही प्रभावशाली उनका राजनीतिक सफर रहा। वे लगभग 10 वर्षों तक मुख्यमंत्री रहे और गरीबों के उत्थान के लिए कई कार्य किए। तमिलनाडु में उन्हें 'पुरात्ची थलैवर' के नाम से जाना जाता था, जिसका अर्थ है 'गरीबों का मसीहा'।
अभिनेता रामचंद्रन ने द्रविड़ मुनेत्र कषगम (द्रमुक) में शामिल होने के बाद अन्नाद्रमुक (एआईएडीएमके) की स्थापना की। उनकी पार्टी ने जन केंद्रित राजनीति को आगे बढ़ाया। उनके निधन के समय, कई लोग उनकी याद में आत्महत्या कर चुके थे।
1987 में उनकी मृत्यु के बाद, लोगों ने आहत होकर अपनी जीभ, उंगली और नसें काट ली थीं। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, उस समय लगभग 30 लोगों की जान चली गई। इसके अलावा, उनके फैंस ने सड़कों पर उपद्रव मचाया, जिसमें पुलिस फायरिंग में 29 लोगों की मौत हुई और 41 लोग घायल हुए।
अभिनेता अपनी मृत्यु के समय भी तमिलनाडु के मुख्यमंत्री थे। वे हमेशा जयललिता के साथ अपने रिश्ते को लेकर चर्चा में रहते थे। दोनों ने कई फिल्में एक साथ की थीं, लेकिन कभी भी अपने रिश्ते पर खुलकर बात नहीं की।