पंजाबी फिल्म इंडस्ट्री में 'कोकरोच जनता पार्टी' आंदोलन पर बंटी राय: दिलजीत और सोनू सूद का समर्थन, बब्बू मान का विरोध
पंजाबी फिल्म इंडस्ट्री में आंदोलन की हलचल
पंजाबी फिल्म उद्योग में 'कोकरोच जनता पार्टी' (CJP) के नेतृत्व में चल रहे आंदोलन को लेकर मतभेद उभर रहे हैं। दिलजीत दोसांझ और सोनू सूद ने छात्रों के अधिकारों का समर्थन करते हुए लाठीचार्ज की निंदा की है, जबकि बब्बू मान ने इस आंदोलन का समर्थन करने से मना कर दिया है।
बब्बू मान का सवाल
बब्बू मान ने सीधे तौर पर यह सवाल उठाया कि क्या CJP के संस्थापक अभिजीत दीपक 2020 में दिल्ली में हुए किसान आंदोलन के समय मौजूद थे। उन्होंने कहा कि पंजाबी हमेशा लाठीचार्ज का सामना नहीं कर सकते। इस बीच, जसबीर जस्सी ने सभी पक्षों से अपील की कि वे इस मुद्दे को संवेदनशीलता से लें और इसे राजनीतिक रंग न दें। एक्ट्रेस सोनम बाजवा ने इंस्टाग्राम पर टूटे दिल का इमोजी साझा किया।
दिलजीत दोसांझ का बयान
दिलजीत दोसांझ ने कहा, "आज का घटनाक्रम बेहद दुखद था। छात्रों के साथ ऐसा व्यवहार नहीं होना चाहिए। मैं अधिकारियों से अनुरोध करता हूं कि वे छात्रों की मांगों को सुनें। लोगों की आवाज़ ही ईश्वर की आवाज़ है।" उन्होंने यह भी कहा कि उन्हें पहले भी 'राष्ट्र-विरोधी' कहा गया है और अब फिर से ऐसा होने की संभावना है।
जसबीर जस्सी की अपील
पंजाबी गायक जसबीर जस्सी ने सोशल मीडिया पर लिखा, "छात्र हमारे अपने बच्चों की तरह हैं। इसलिए, उनसे प्यार और सम्मान के साथ बात की जानी चाहिए। उनके विचारों को गंभीरता से लिया जाना चाहिए।" उन्होंने यह भी कहा कि छात्रों से जुड़े मुद्दों को राजनीतिक दृष्टिकोण से नहीं, बल्कि संवेदनशीलता से देखना चाहिए।
सोनू सूद का समर्थन
बॉलीवुड अभिनेता सोनू सूद ने कहा कि छात्रों को प्यार और सहानुभूति की आवश्यकता है, न कि पुलिस की लाठियों की। उन्होंने सरकार से अपील की कि वे छात्रों के मुद्दों को सख्ती से नहीं, बल्कि संवेदनशीलता और बातचीत से सुलझाएं।
सोनम बाजवा का सवाल
सोनम बाजवा ने अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी पर एक भावुक पोस्ट साझा किया, जिसमें उन्होंने लिखा, "सवाल पूछना कब गलत हो गया?" हालांकि उन्होंने किसी विशेष व्यक्ति या घटना का उल्लेख नहीं किया, लेकिन इसे CJP आंदोलन के दौरान हुए लाठीचार्ज से जोड़ा जा रहा है।
बब्बू मान की चिंताएं
बब्बू मान ने कहा कि पंजाबी हमेशा संघर्ष में सबसे आगे रहे हैं और उन्होंने बहुत कुछ सहा है। उन्होंने सवाल किया कि क्या CJP के प्रमुख अभिजीत दीपक किसानों के आंदोलन के समय उनके साथ खड़े थे। मान ने कहा कि अगर दीपक तब उनके साथ नहीं थे, तो अब पंजाबी क्यों उनका समर्थन करें?