खेसारी लाल यादव ने मुख्यमंत्री के बयान पर दी प्रतिक्रिया, कहा- 'अपराधी की कोई जात नहीं होती'
खेसारी लाल यादव का बयान
मुंबई, 22 मई। पटना में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी द्वारा एनकाउंटर पर दिए गए बयान पर भोजपुरी फिल्म इंडस्ट्री के मशहूर अभिनेता खेसारी लाल यादव ने अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। उन्होंने कहा कि अपराधी की पहचान केवल उसके अपराध से होनी चाहिए, जाति से नहीं। खेसारी ने यह भी स्पष्ट किया कि किसी भी अपराध को जाति के आधार पर नहीं देखना चाहिए।
हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि मुख्यमंत्री अपने दृष्टिकोण से बोल रहे हैं और इस मामले में ज्यादा टिप्पणी करना उचित नहीं समझते।
बिहार में हाल के दिनों में पुलिस एनकाउंटर को लेकर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। विपक्ष ने आरोप लगाया है कि राज्य में जाति के आधार पर कार्रवाई की जा रही है। इसी संदर्भ में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने एक कार्यक्रम में कहा था कि 'जाति पूछकर ही गोली चलाओ।' उनके इस बयान के बाद राजनीति और सोशल मीडिया पर बहस छिड़ गई है। सत्ता पक्ष का कहना है कि मुख्यमंत्री ने यह बात विपक्ष के आरोपों पर तंज कसते हुए कही थी।
इस विवाद के बीच खेसारी लाल यादव ने कहा, ''अपराधी केवल अपराधी होता है, उसकी कोई जात नहीं होती। हर कोई अपनी सोच के अनुसार बयान देता है, इसलिए मैं इस पर ज्यादा कुछ नहीं कहना चाहता।''
खेसारी ने देश की आर्थिक स्थिति पर भी चिंता व्यक्त की। जब उनसे उनकी अगली फिल्म की रिलीज के बारे में पूछा गया, तो उन्होंने कहा, ''वर्तमान हालात नोटबंदी के समय से भी अधिक गंभीर हैं। आज लोगों की प्राथमिकता अपने घर का खर्च चलाना और भविष्य के लिए बचत करना है। पेट्रोल, डीजल, गैस और अन्य आवश्यक वस्तुओं की कीमतें लगातार बढ़ रही हैं, जिसका सीधा असर आम आदमी पर पड़ रहा है। ऐसे में फिल्मों की रिलीज करना सही नहीं होगा।''
उन्होंने आगे कहा, "मेरी कई फिल्में तैयार हैं, लेकिन मैं सही समय का इंतजार कर रहा हूं। आने वाले दिनों में हालात और कठिन हो सकते हैं, इसलिए लोगों को अपने परिवार और भविष्य को ध्यान में रखकर खर्च करना चाहिए।''
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की उस अपील पर भी खेसारी ने अपनी राय दी, जिसमें उन्होंने लोगों से पेट्रोल-डीजल बचाने और सार्वजनिक परिवहन अपनाने की बात कही थी। खेसारी ने कहा, ''जब हाल ही में कई राज्यों में चुनाव हो रहे थे, तब भी देश की यही स्थिति थी। अगर हालात गंभीर थे, तो उस समय भी लोगों से बचत की अपील की जा सकती थी, लेकिन मैं राजनीति पर ज्यादा टिप्पणी नहीं करना चाहता।''
खेसारी ने आगे कहा, ''गरीबों से बचत की अपील करने का कोई अर्थ नहीं है, क्योंकि कई गरीब परिवारों के पास तो साइकिल तक नहीं है। जिन बड़े उद्योगपतियों, अमीर लोगों और फिल्मी सितारों ने जनता के जरिए नाम और पैसा कमाया है, उन्हें आगे आकर देश की मदद करनी चाहिए। सभी को अपनी क्षमता के अनुसार आर्थिक सहयोग देना चाहिए, ताकि देश इस कठिन समय से उबर सके।''