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क्या आप जानते हैं वैजयंती माला का जन्मदिन कैसे मनाया गया? जैकी श्रॉफ ने किया खास संदेश!

आज, वैजयंती माला अपने जन्मदिन का जश्न मना रही हैं, और इस अवसर पर अभिनेता जैकी श्रॉफ ने उन्हें बधाई दी है। जैकी ने इंस्टाग्राम पर एक वीडियो साझा किया, जिसमें वह वैजयंती माला के पैर छूकर आशीर्वाद लेते हुए नजर आ रहे हैं। इस लेख में हम वैजयंती माला के करियर की कुछ महत्वपूर्ण बातें और उनके योगदान पर भी चर्चा करेंगे। जानें उनके जीवन की खास बातें और उनके द्वारा प्राप्त पुरस्कारों के बारे में।
 

वैजयंती माला का जन्मदिन: जैकी श्रॉफ का विशेष संदेश


मुंबई, 13 अगस्त। प्रसिद्ध अभिनेत्री और शास्त्रीय नृत्यांगना वैजयंती माला आज अपने जन्मदिन का जश्न मना रही हैं। इस खास अवसर पर अभिनेता जैकी श्रॉफ ने उन्हें बधाई दी।


जैकी ने अपने इंस्टाग्राम स्टोरी पर एक वीडियो साझा किया, जिसमें वह वैजयंती माला के पैर छूकर उनसे आशीर्वाद लेते हुए नजर आ रहे हैं। यह देखकर स्पष्ट होता है कि वह उन्हें बहुत सम्मान देते हैं। वीडियो के साथ उन्होंने लिखा, "जन्मदिन की हार्दिक शुभकामनाएं वैजयंती माला। आप हमेशा हमारे दिलों में रहेंगी।"


वैजयंती माला को भारतीय सिनेमा में 'ट्विंकल टोज' के नाम से जाना जाता है। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत 13 साल की उम्र में 1949 की तमिल फिल्म 'वाझकई' से की थी।


इसके बाद, उन्होंने हिंदी सिनेमा में 1951 की फिल्म 'बहार' से कदम रखा, जो उनकी तमिल फिल्म का रीमेक थी। 1954 में आई फिल्म 'नागिन' ने उन्हें हिंदी सिनेमा में एक प्रमुख और लोकप्रिय सितारे के रूप में स्थापित किया।


फिल्म 'देवदास' में चंद्रमुखी के किरदार के लिए उन्हें सर्वश्रेष्ठ सह-कलाकार का फिल्मफेयर पुरस्कार मिला, जिसे उन्होंने यह कहते हुए अस्वीकार कर दिया कि उनका किरदार मुख्य अभिनेत्री के समान महत्वपूर्ण था। राजकपूर के साथ फिल्म 'संगम' में उनके काम ने उन्हें तीसरा फिल्मफेयर पुरस्कार दिलाया।


फिल्मों के अलावा, वह एक उत्कृष्ट शास्त्रीय नृत्यांगना भी थीं, जिन्होंने भारतीय नृत्य को सिनेमा में नई पहचान दिलाई। अपने करियर के चरम पर, उन्होंने डॉक्टर चमनलाल बाली से विवाह किया और फिल्मों से दूर हो गईं। बाद में, उन्होंने राजनीति में कदम रखा और लोकसभा व राज्यसभा की सांसद रहीं।


कला के क्षेत्र में उनके योगदान के लिए उन्हें 1968 में पद्म श्री और 2024 में पद्म विभूषण से सम्मानित किया गया।