कुमार सानू की यादों में बसी 90 के दशक की मस्ती, जानें उनके खास गाने के बारे में!
पुरानी यादों में खोए कुमार सानू
मुंबई, 27 मार्च। हिंदी सिनेमा के पुराने गाने आज भी लोगों के दिलों में बसे हुए हैं। इन गानों की धुनें सुनते ही लोग उन्हें बार-बार सुनने की इच्छा रखते हैं। इसी क्रम में, मशहूर गायक कुमार सानू भी पुराने गानों की यादों में खोए हुए दिखाई दे रहे हैं।
उन्होंने हाल ही में इंस्टाग्राम पर एक विशेष वीडियो साझा किया, जिसमें 90 के दशक के लोकप्रिय डुएट गाने 'मस्ती भरा है ये समा' की रिकॉर्डिंग का एक झलक प्रस्तुत किया गया। कुमार ने लिखा, "90 के दशक में मैंने कई गाने रिकॉर्ड किए थे, जो आज भी स्टूडियो की पुरानी टेप्स में मौजूद हैं।"
गायक ने बताया कि हर गाने के साथ एक खास याद और गहरी भावना जुड़ी होती है। उन्होंने कहा, "इस खूबसूरत डुएट गाने को सुनते ही मुझे फिल्म 'दिल है कि मानता नहीं' की रिकॉर्डिंग के दिन याद आ जाते हैं। वह समय संगीत, जुनून और अविस्मरणीय लोगों से भरा हुआ था। रिकॉर्डिंग का माहौल बहुत ही मस्ती भरा और यादगार था।"
कुमार सानू ने आगे लिखा, "मुझे गुलशन कुमार जी की बहुत याद आती है। उनकी दूरदर्शिता और संगीत के प्रति लगाव ने बहुत कुछ संभव बनाया। गुलशन जी की वजह से ही इतने सुंदर गाने बने। वे हमेशा याद किए जाएंगे। किशन कुमार और छोटे भूषण के साथ बिताए मीठे पल भी मेरे दिल में बसे हुए हैं।"
उन्होंने यह भी बताया कि फिल्म 'दिल है कि मानता नहीं' का निर्देशन महेश भट्ट ने किया था। इस गाने को अनुराधा पौडवाल और कुमार सानू ने गाया है, जबकि इसके बोल समीर ने लिखे हैं और संगीत नदीम-श्रवण ने तैयार किया है।
अंत में, उन्होंने लिखा, "जैसा कि कहा जाता है, कुछ गाने पूरी दुनिया के लिए होते हैं... और कुछ सिर्फ उस खास पल के लिए।"
गौरतलब है कि 'मस्ती भरा है ये समा' गाना फिल्म 'दिल है कि मानता नहीं' का अनरिलीज्ड ट्रैक है, लेकिन इसकी रिकॉर्डिंग का वीडियो सोशल मीडिया पर उपलब्ध है।