किशोर कुमार और राजेश खन्ना: एक अद्वितीय जोड़ी जिसने हिंदी सिनेमा को संवारा
किशोर कुमार और राजेश खन्ना की अमिट छाप
मुंबई, 13 अक्टूबर। हिंदी फिल्म इंडस्ट्री में कुछ जोड़ियां ऐसी होती हैं, जिनकी पहचान समय के साथ और भी मजबूत होती जाती है। राजेश खन्ना और किशोर कुमार की जोड़ी भी ऐसी ही एक जोड़ी है। किशोर दा की आवाज में गाए गए गाने राजेश खन्ना के करियर का एक महत्वपूर्ण हिस्सा बन गए। रिपोर्ट्स के अनुसार, किशोर कुमार ने राजेश खन्ना के लिए 245 गाने गाए।
राजेश खन्ना के करियर में 1969 की फिल्म 'आराधना' एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित हुई। इस फिल्म में किशोर कुमार ने उनके लिए 'मेरे सपनों की रानी कब आएगी तू' और 'रूप तेरा मस्ताना' जैसे हिट गाने गाए। शर्मिला टैगोर के साथ फिल्माए गए इन गानों ने खन्ना की रोमांटिक छवि को दर्शकों के बीच स्थापित किया। 'रूप तेरा मस्ताना' के लिए किशोर कुमार को बेस्ट मेल प्लेबैक सिंगर का फिल्मफेयर अवॉर्ड भी मिला। इस फिल्म के गानों ने किशोर और खन्ना की जोड़ी को एक नई पहचान दी।
इसके बाद, दोनों ने कई यादगार गाने दिए, जैसे कि 1971 की फिल्म 'कटी पतंग' का 'ये शाम मस्तानी' और 'ये जो मोहब्बत है', जो दर्शकों के बीच बेहद लोकप्रिय हुए। 'अमर प्रेम' में 'चिंगारी कोई भड़के' और 'कुछ तो लोग कहेंगे' जैसे गाने भी उनकी जोड़ी की सफलता में शामिल हैं।
'मेरे जीवन साथी' का 'ओ मेरे दिल के चैन' इस जोड़ी के सबसे प्रिय रोमांटिक गानों में से एक है। वहीं, 'सफर' का 'जीवन से भरी तेरी आंखें' किशोर कुमार की आवाज में है। फिल्म 'आनंद' में राजेश खन्ना पर फिल्माए गए 'जिंदगी कैसी है पहेली' गाने ने जीवन के प्रति एक नया दृष्टिकोण प्रस्तुत किया। 'हाथी मेरे साथी' का 'नफरत की दुनिया को छोड़ के' और 'आप की कसम' का 'जिंदगी के सफर में गुजर जाते हैं जो मकाम' भी इस जोड़ी के यादगार गानों में शामिल हैं।
राजेश खन्ना की फिल्म 'आप की कसम' में लता मंगेशकर के साथ किशोर कुमार का गाया 'करवटें बदलते रहे सारी रात हम' गाना आज भी लोगों द्वारा सुना जाता है।
किशोर कुमार की विशेषता यह थी कि वे राजेश खन्ना के चेहरे के भाव और उनके बोलने के तरीके को अच्छी तरह समझते थे और उसी के अनुसार गाना गाते थे। राजेश खन्ना की लोकप्रियता में किशोर कुमार की आवाज का महत्वपूर्ण योगदान रहा है। उन्होंने राजेश खन्ना की 92 फिल्मों में 245 गानों को अपनी आवाज दी।
किशोर कुमार ने अपने करियर में आठ बार फिल्मफेयर अवॉर्ड जीते। उन्होंने हिंदी के अलावा बंगाली, मराठी, गुजराती, असमिया और कई अन्य भाषाओं में भी गाने गाए।