इमरान खान को बॉम्बे हाईकोर्ट से मिली राहत, 'लीव इंडिया' नोटिस पर रोक जारी
इमरान खान को मिली अंतरिम राहत
मुंबई, 2 नवंबर। बॉलीवुड के अभिनेता इमरान खान को बॉम्बे हाईकोर्ट से एक महत्वपूर्ण राहत मिली है। उन्हें भारत में रहने और उनके ओवरसीज सिटिजन ऑफ इंडिया (ओसीआई) कार्ड से संबंधित मामले में अंतरिम राहत प्रदान की गई है। अदालत ने विदेशी क्षेत्रीय पंजीकरण कार्यालय (एफआरआरओ) द्वारा जारी 'लीव इंडिया' नोटिस पर रोक को अगली सुनवाई तक बनाए रखने का निर्णय लिया है।
इस मामले की अगली सुनवाई 7 दिसंबर को होगी। हालांकि, अदालत ने इमरान खान को ओसीआई नियमों के उल्लंघन के लिए बिना शर्त माफी मांगने का निर्देश भी दिया है। अदालत ने स्पष्ट किया कि केवल भविष्य में ऐसा न करने का आश्वासन देना पर्याप्त नहीं होगा।
सुनवाई के दौरान, अदालत ने इमरान खान के ओसीआई कार्ड और उनके प्रदर्शन में भागीदारी पर सवाल उठाए। अदालत ने पूछा कि इमरान खान उस प्रदर्शन में क्यों शामिल हुए थे? क्या वह किसी फिल्म के प्रमोशन के लिए वहां गए थे?
जज ने कहा कि ओसीआई कार्ड धारकों को भारतीय नागरिकों के समान सभी अधिकार नहीं मिलते और उन्हें नियमों का पालन करना आवश्यक है। अदालत ने यह भी पूछा कि इमरान खान, जो पिछले 42 वर्षों से भारत में रह रहे हैं, ने भारतीय नागरिकता क्यों नहीं ली?
इमरान खान के वकील ने बताया कि अभिनेता का प्रदर्शन आयोजित करने वाले संगठन से कोई संबंध नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि इमरान खान भारत में पढ़े हैं और लंबे समय से यहीं रह रहे हैं। अमेरिका में उनका निवास केवल लगभग दो वर्षों का था। वकील ने अदालत को आश्वासन दिया कि इमरान खान सभी आवश्यक शर्तों का पालन करने के लिए तैयार हैं।
वकील ने यह भी कहा कि एफआईआर में इमरान खान के खिलाफ कोई विशेष आरोप नहीं है और जिन धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है, वे जमानती हैं। वहीं, एफआरआरओ ने कहा कि इमरान खान अमेरिकी नागरिक हैं और उनके पास ओसीआई कार्ड है। विभाग को ओसीआई नियमों के उल्लंघन की स्थिति में कार्रवाई करने का अधिकार है।
सुनवाई के दौरान अदालत ने 'वसुधैव कुटुंबकम' का उल्लेख किया और कहा कि इमरान खान को अपनी बात रखने का अवसर दिया जाना चाहिए। हालांकि, इसके लिए उन्हें बिना शर्त माफी मांगनी होगी और भविष्य में नियमों का पालन करने का आश्वासन देना होगा।
यह मामला 10 अक्टूबर का है, जब मुंबई के अगस्त क्रांति मैदान के पास मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रदर्शन हुआ था। यह प्रदर्शन वोटर लिस्ट के स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (एसआईआर) को लेकर किया गया था। इमरान खान अपनी पार्टनर लेखा वाशिंगटन के साथ वहां पहुंचे थे। पुलिस ने उन्हें कुछ समय के लिए हिरासत में लिया था।
इसके बाद बीजेपी नेता किरीट सोमैया की शिकायत पर कार्रवाई शुरू हुई। एफआरआरओ ने 14 अक्टूबर को इमरान को नोटिस जारी कर 28 अक्टूबर तक भारत छोड़ने का निर्देश दिया। इसके अलावा 17 अक्टूबर को उनके ओसीआई कार्ड का रजिस्ट्रेशन रद्द करने को लेकर कारण बताओ नोटिस भी जारी किया गया था। इस नोटिस पर पहले 2 नवंबर तक रोक लगाई गई थी। अब अदालत ने इस रोक को अगली सुनवाई 7 दिसंबर तक जारी रखने का फैसला सुनाया है।