इंदर कुमार: 'घूंघट में चेहरा आपका...' के पीछे की कहानी और उनकी अधूरी पहचान
इंदर कुमार का सफर: एक अभिनेता की कहानी
नई दिल्ली, 27 जुलाई। 90 के दशक का मशहूर रोमांटिक गाना "घूंघट में चेहरा आपका..." आज भी लोगों के दिलों में बसा हुआ है। इस गाने में नजर आने वाले अभिनेता इंदर कुमार ने अपने करियर में कई फिल्मों और टीवी शो में काम किया। हालांकि, उनकी प्रतिभा के बावजूद उन्हें वह पहचान नहीं मिली, जिसके वे हकदार थे। आज उनकी 53वीं जयंती पर आइए जानते हैं उनके जीवन के कुछ महत्वपूर्ण पहलुओं के बारे में।
इंदर कुमार का जन्म 26 अगस्त 1973 को जयपुर, राजस्थान में एक राजस्थानी परिवार में हुआ। बचपन से ही उनका सपना अभिनेता बनने का था। उन्होंने अपनी प्रारंभिक शिक्षा सेंट जेवियर्स हाई स्कूल से प्राप्त की। पढ़ाई के दौरान उनका झुकाव थिएटर की ओर अधिक था, और वे अपने गुरु राजू करिया को अपना मेंटर मानते थे, जिन्होंने उन्हें फिल्म इंडस्ट्री में कदम रखने में मदद की।
इंदर कुमार ने अपने फिल्मी करियर की शुरुआत 1996 में फिल्म 'मासूम' से की। इसके बाद उन्होंने 20 से अधिक फिल्मों में अभिनय किया। उनकी प्रमुख फिल्मों में 'खिलाड़ियों का खिलाड़ी' (1996), 'घूंघट' (1997), 'कहीं प्यार ना हो जाए' (2000), 'गज गामिनी' (2000), 'मां तुझे सलाम' (2002) और 'तुमको ना भूल पाएंगे' (2002) शामिल हैं। उन्होंने सलमान खान के साथ कई फिल्मों में काम किया और दोनों के बीच गहरी दोस्ती थी।
फिल्मों के अलावा, इंदर कुमार ने छोटे पर्दे पर भी अपनी पहचान बनाई। 2002 में, वे एकता कपूर के प्रसिद्ध धारावाहिक 'क्योंकि सास भी कभी बहू थी' में मिहिर विरानी के किरदार में दिखाई दिए। हालांकि, कुछ महीनों बाद उन्होंने शो छोड़ दिया और उनकी जगह रोनित रॉय ने ले ली। कुछ वर्षों के बाद, उन्होंने 2009 में सलमान खान की हिट फिल्म 'वॉन्टेड' से वापसी की।
उनकी निजी जिंदगी में तीन शादियां हुईं। पहली शादी 2003 में अपने गुरु की बेटी सोनल करिया से हुई, लेकिन यह शादी केवल पांच महीने चली। इसके बाद उनका नाम अभिनेत्री ईशा कोप्पिकर के साथ जुड़ा। अंततः, उन्होंने 2009 में कमलजीत कौर से शादी की, लेकिन यह रिश्ता भी दो महीने में टूट गया। 2013 में, उन्होंने पल्लवी सर्राफ से विवाह किया, जिनसे उनकी एक बेटी भावना हुई।
2014 में, इंदर कुमार पर एक 22 वर्षीय युवती ने दुष्कर्म का आरोप लगाया, जिसके बाद उन्हें गिरफ्तार किया गया। हालांकि, उन्हें जमानत मिल गई, लेकिन इस विवाद ने उनके करियर पर गहरा असर डाला।
कहा जाता है कि करियर में आई गिरावट और व्यक्तिगत समस्याओं के कारण इंदर कुमार अपने अंतिम दिनों में तनाव और अवसाद का सामना कर रहे थे। 28 जुलाई 2017 को, मुंबई में अपने घर पर उन्हें दिल का दौरा पड़ा, जिससे उनका निधन हो गया। उस समय उनकी उम्र केवल 44 वर्ष थी।