शकीरा का नया सफर: प्यार से दूर, बच्चों और करियर पर ध्यान केंद्रित
शकीरा की जिंदगी में नया मोड़
लॉस एंजेलेस, 24 मई। प्रसिद्ध पॉप गायक और गीतकार शकीरा एक बार फिर से अपनी व्यक्तिगत जिंदगी को लेकर सुर्खियों में हैं। हाल ही में उन्होंने अपने रिश्तों, बच्चों और जीवन के कठिन समय के बारे में खुलकर चर्चा की। फुटबॉलर गेरार्ड पिक से 2022 में अलग होने के बाद, शकीरा ने अपने बच्चों और करियर पर ध्यान केंद्रित किया है।
इस दौरान, उन्होंने स्पष्ट किया है कि उनके जीवन में इस समय प्यार या नए रिश्ते के लिए कोई स्थान नहीं है। उनका पूरा ध्यान उनके बच्चों और काम पर है, और वह अपने अकेलेपन का आनंद भी ले रही हैं।
ब्रिटिश समाचार पत्र 'द टाइम्स' को दिए गए एक साक्षात्कार में, शकीरा ने कहा, ''मैं फिलहाल किसी रोमांटिक रिश्ते के बारे में नहीं सोच रही हूं। मेरे पास इसके लिए न तो समय है और न ही स्थान। मैं पहले से ही बहुत व्यस्त हूं। मेरे बच्चे मिलान और साशा मेरी प्राथमिकता हैं।''
शकीरा ने अपने करियर के बारे में भी अपनी भावनाएं साझा कीं। उन्होंने कहा, ''इस समय मैं अपने काम से पहले से कहीं अधिक प्यार करने लगी हूं। मैंने अपने करियर को कभी इतनी गहराई से नहीं समझा, जितना अब कर रही हूं। मैं अपने अकेलेपन का पूरा आनंद ले रही हूं। यह समय खुद को समझने और जीवन को नए दृष्टिकोण से देखने का है।''
49 वर्षीय शकीरा ने अपने जीवन के सबसे कठिन समय को भी याद किया। उन्होंने कहा, ''जब मेरा रिश्ता टूट रहा था, उसी समय मेरे पिता विलियम एक गंभीर दुर्घटना के बाद अस्पताल में थे। उस समय मैं मानसिक और भावनात्मक रूप से पूरी तरह से टूट चुकी थी। वह समय मेरी जिंदगी का सबसे अंधेरा दौर था, क्योंकि जिस परिवार को मैं हमेशा एकजुट रखना चाहती थी, वह बिखर गया।''
उन्होंने आगे कहा, 'उस दर्द ने मुझे बहुत कुछ सिखाया। जीवन में कई बार ऐसे हालात आते हैं, जो इंसान को अंदर तक तोड़ देते हैं, लेकिन वही कठिनाइयाँ इंसान को और मजबूत भी बनाती हैं। लोग अक्सर कहते हैं कि जो चीज आपको खत्म नहीं करती, वह आपको और मजबूत बनाती है, और अब मुझे यह सच लगने लगा है। कठिन समय इंसान की असली ताकत को उजागर करता है।'
शकीरा ने कहा, ''मैं अपनी जिंदगी के हर पल के लिए आभारी हूं, चाहे वे अच्छे हों या बुरे। यहां तक कि जिन लोगों ने मुझे दुख पहुंचाया, उन्होंने भी मुझे जीवन के महत्वपूर्ण सबक सिखाए। हर दर्द कुछ नया सिखाता है, और वही सीख आगे चलकर ताकत बनती है।''